ट्रंप के ब्रांडेड दवाओं पर 100% टैरिफ को लेकर विदेश मंत्रालय का आया पहला बयान, कही ये बड़ी बात
नेशनल डेस्क: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 1 अक्टूबर 2025 से ब्रांडेड और पेटेंटेड दवाओं पर 100% टैरिफ लगाने की घोषणा के बाद भारत की पहली आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत इस पूरे मामले पर करीबी नजर रख रहा है और संबंधित मंत्रालय लगातार इस नीति के संभावित प्रभावों का विश्लेषण कर रहे हैं।
📌 विदेश मंत्रालय की प्रतिक्रिया
रणधीर जायसवाल ने मीडिया को बताया कि भारत ने सोशल मीडिया पर सामने आए नोटिस और रिपोर्ट्स का अध्ययन किया है। फार्मा और अन्य उत्पादों से जुड़े मंत्रालय और विभाग इस स्थिति पर लगातार निगरानी रखे हुए हैं। उन्होंने कहा कि यह कदम भारतीय फार्मा इंडस्ट्री के लिए महत्वपूर्ण आर्थिक प्रभाव डाल सकता है, इसलिए सरकार इसका बारीकी से आकलन कर रही है।
💊 जेनेरिक दवाओं में भारत की बड़ी भूमिका
भारत अमेरिका का सबसे बड़ा जेनेरिक दवा आपूर्तिकर्ता है। अमेरिका में खपत होने वाली लगभग एक-तिहाई से ज्यादा दवाएं भारत से आयात होती हैं।
- जेनेरिक दवाएं पेटेंट के दायरे में नहीं आतीं और अपेक्षाकृत सस्ती होती हैं।
- हालांकि ट्रंप का 100% टैरिफ केवल ब्रांडेड और पेटेंटेड दवाओं पर केंद्रित है, लेकिन विशेषज्ञ मानते हैं कि इसका अप्रत्यक्ष असर जेनेरिक दवाओं पर भी पड़ सकता है।
📢 ट्रंप का सोशल मीडिया ऐलान
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर घोषणा की कि:
- 1 अक्टूबर 2025 से सभी ब्रांडेड और पेटेंटेड फार्मा प्रोडक्ट्स पर 100% टैरिफ लगेगा।
- जिन कंपनियों का मैन्युफैक्चरिंग प्लांट अमेरिका में होगा, उन्हें छूट दी जाएगी।
🪑 अन्य उत्पादों पर भी टैरिफ बढ़ा
ट्रंप ने सिर्फ दवाओं पर ही नहीं, बल्कि अन्य उत्पादों पर भी भारी टैरिफ लगाया है:
- किचन कैबिनेट और बाथरूम वैनिटीज़ – 50% टैरिफ
- कुर्सियां और सोफा जैसे फर्नीचर – 30% टैरिफ
- भारी ट्रक – 25% टैरिफ
हालांकि ट्रंप ने इन टैरिफों की कानूनी वजह साफ नहीं बताई, लेकिन उनका कहना है कि यह फैसले “राष्ट्रीय सुरक्षा और अन्य कारणों” से लिए गए हैं।
⚖️ भारत की चिंता
भारत के लिए यह चिंता का विषय है कि अमेरिका उसकी जेनेरिक दवाओं का सबसे बड़ा बाजार है। विदेश मंत्रालय और संबंधित विभाग अब इस नीति के आर्थिक प्रभाव का अध्ययन कर रहे हैं। आने वाले दिनों में इस टैरिफ का वास्तविक असर और स्पष्ट होगा।











