मंगलवार रात काकोरी के मोहिद्दीनपुर गांव में ग्रामीणों ने चोरी के शक में चाचा-भतीजे की एक स्थानीय जोड़ी को पकड़ लिया और उनकी जमकर पिटाई की। मौके पर पहुंची पुलिस ने बड़ी मुश्किल से दोनों को भीड़ के चंगुल से छुड़ाया और थाने ले गई। इस दौरान पुलिस और ग्रामीणों के बीच कहा-सुनी भी हुई। इसके बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण थाने पर जमा हो गए और हंगामा करते हुए हिरासत में लिए गए चाचा-भतीजे की औपचारिक गिरफ्तारी की मांग करने लगे।
मोहिद्दीनपुर निवासी नंद किशोर के अनुसार, 21 मार्च को उनके घर में चोरी हुई थी। चोरों ने उनके घर की पिछली दीवार तोड़ दी थी और करीब 50,000 रुपये नकद व लाखों रुपये के जेवर चुरा ले गए थे। मंगलवार शाम गांव की नई बस्ती में रहने वाला मुस्ताकीम एक स्थानीय परचून की दुकान पर सामान खरीदने गया था। आरोप है कि पूछताछ के दौरान उसने सत्यम, नौशाद, मेहंदी और इरफान के साथ मिलकर चोरी करने की बात कबूल कर ली।
इसके बाद ग्रामीणों ने मुस्ताकीम को पकड़ लिया और उसकी पिटाई शुरू कर दी। उसे बचाने और बीच-बचाव करने आए उसके भतीजे को भी नहीं बख्शा गया; उसकी भी पिटाई की गई। मौके पर पहुंची पुलिस और ग्रामीणों के बीच भी तीखी बहस हुई।
पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद दोनों युवकों को भीड़ से बचाया और थाने ले गई। इसके बाद 50 से अधिक ग्रामीणों की भीड़ थाने पर पहुंच गई और हंगामा करने लगी। वे चोरी में शामिल फरार अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। पुलिस ने उचित कानूनी कार्रवाई का आश्वासन देकर भीड़ को शांत कराया। काकोरी के इंस्पेक्टर सतीश चंद्र राठौर ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।













